ट्रेन या प्लेटफॉर्म पर फोटो-वीडियो बनाना मना है? जानिए रेलवे का असली नियम!

Sep 1, 2026 - 16:14
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ट्रेन या प्लेटफॉर्म पर फोटो-वीडियो बनाना मना है? जानिए रेलवे का असली नियम!

दिल्ली। रेलवे स्टेशन या ट्रेन में मोबाइल से फोटो और वीडियो बनाने को लेकर अक्सर लोगों के बीच भ्रम की स्थिति बनी रहती है। कई बार यह दावा सुनने को मिलता है कि रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म या ट्रेन में फोटो-वीडियो बनाना पूरी तरह प्रतिबंधित है और इसके लिए हर व्यक्ति को रेलवे से अनुमति लेनी पड़ती है। लेकिन रेलवे के आधिकारिक दिशा-निर्देश इस मामले में तस्वीर कुछ अलग बताते हैं।

रेलवे बोर्ड के उपलब्ध दिशा-निर्देशों के अनुसार, सामान्य तौर पर मोबाइल फोन के कैमरे से फोटो या वीडियो बनाने पर हर भारतीय नागरिक के लिए अलग से अनुमति लेना अनिवार्य नहीं है। रेलवे बोर्ड के एक पत्र में मोबाइल फोन कैमरे से still photography/videography के संबंध में अनुमति की आवश्यकता नहीं होने की बात स्पष्ट की गई है। हालांकि, इसका मतलब यह नहीं है कि रेलवे परिसर में कहीं भी, किसी भी तरीके से शूटिंग की जा सकती है।

रेलवे की ओर से जारी दिशा-निर्देशों में पेशेवर कैमरे से या व्यावसायिक उद्देश्य से की जाने वाली फोटो/वीडियो शूटिंग के लिए अनुमति का प्रावधान है। ऐसी अनुमति संबंधित रेलवे/यूनिट के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी (CPRO) से ली जाती है। अनुमति के लिए शूटिंग का स्थान, तारीख और उद्देश्य जैसी जानकारी देनी होती है।

पत्रकारों और न्यूज पोर्टल के लिए क्या नियम?

यदि कोई पत्रकार या न्यूज पोर्टल किसी रेलवे स्टेशन पर समाचार कवरेज के लिए मोबाइल से सामान्य फोटो या वीडियो बना रहा है, तो इसे केवल इस आधार पर प्रतिबंधित मानना सही नहीं होगा कि वह रेलवे परिसर में रिकॉर्डिंग कर रहा है। लेकिन पत्रकार को रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था, यात्रियों की सुविधा और स्टेशन के संचालन से जुड़े नियमों का पालन करना जरूरी है।

रेलवे के आधिकारिक दिशा-निर्देशों में यह भी कहा गया है कि अनुमति प्राप्त शूटिंग रेलवे के सामान्य कामकाज में बाधा नहीं डालनी चाहिए, यात्रियों को असुविधा नहीं होनी चाहिए और ऐसे स्थानों की रिकॉर्डिंग नहीं की जानी चाहिए जहां रेलवे ने फोटोग्राफी या वीडियोग्राफी प्रतिबंधित कर रखी हो।

कहां बरतनी चाहिए विशेष सावधानी?

रेलवे स्टेशन पर फोटो या वीडियो बनाते समय रेलवे ट्रैक पर उतरना, प्रतिबंधित क्षेत्र में जाना, सुरक्षा व्यवस्था में बाधा डालना या ट्रेन संचालन को प्रभावित करना गंभीर जोखिम पैदा कर सकता है। सिर्फ फोटो लेने के लिए सुरक्षा सीमा पार करना या ट्रैक के पास जाना बिल्कुल उचित नहीं है।

वहीं, अगर कोई व्यक्ति बड़े कैमरे, शूटिंग उपकरण या व्यावसायिक उद्देश्य से रेलवे परिसर अथवा ट्रेन में शूटिंग करना चाहता है, तो पहले संबंधित रेलवे से अनुमति लेना बेहतर और नियमसम्मत तरीका है।

क्या परमिशन लेनी पड़ेगी?

सिर्फ मोबाइल से सामान्य समाचार कवरेज या व्यक्तिगत फोटो-वीडियो बनाने और पेशेवर/व्यावसायिक शूटिंग को एक जैसा नहीं माना जाना चाहिए। रेलवे के आधिकारिक दस्तावेजों में दोनों के लिए अलग-अलग व्यवस्था बताई गई है। इसलिए यह कहना कि “रेलवे स्टेशन पर फोटो-वीडियो बनाना पूरी तरह प्रतिबंधित है” सही नहीं है।

हालांकि, रेलवे परिसर में तैनात अधिकारी या सुरक्षा कर्मी यदि किसी विशेष स्थान पर रिकॉर्डिंग रोकने को कहते हैं, तो उनकी बात का पालन करना चाहिए और जरूरत पड़ने पर स्टेशन प्रबंधन या रेलवे के जनसंपर्क विभाग से स्थिति स्पष्ट की जा सकती है।

यानी निष्कर्ष साफ है—रेलवे स्टेशन या ट्रेन में मोबाइल निकालकर सामान्य फोटो-वीडियो बनाना अपने आप में हर स्थिति में प्रतिबंधित नहीं है, लेकिन पेशेवर/व्यावसायिक शूटिंग, प्रतिबंधित क्षेत्र और सुरक्षा नियमों के मामले में रेलवे की अनुमति एवं निर्धारित नियमों का पालन जरूरी हो सकता है।

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Shyamji Aryan Myself Shyam Babu, a journalist with over a decade of experience in the field of journalism. I started my journalism career in 2015 and have since worked with various newspapers and media platforms. Over the years, I have gained extensive experience in ground reporting, news writing, interviewing, field reporting and covering local, social, civic and public-interest issues. My approach to journalism is based on accuracy, fairness and responsible reporting. I believe that journalism is not only about reporting news but also about bringing people's issues to the forefront and giving a voice to the community. With years of field experience, I continue to work with dedication to provide credible, factual and meaningful news to readers and viewers.