बाल शिक्षा और महिला स्वरोजगार को लेकर बैठक आयोजित, आगे की कार्ययोजना पर हुआ मंथन

Aug 31, 2026 - 12:07
Aug 31, 2026 - 12:30
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बाल शिक्षा और महिला स्वरोजगार को लेकर बैठक आयोजित, आगे की कार्ययोजना पर हुआ मंथन

कोईलवर। बाल शिक्षा को बढ़ावा देने और महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़कर आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से सोमवार को कोईलवर में महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में बाल शिक्षा एवं महिला स्वरोजगार से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई और आगे की कार्ययोजना को लेकर विचार-विमर्श किया गया।

बैठक की अध्यक्षता डॉ. बीजेन्द्र प्रसाद गुप्ता ने की। इस दौरान शशि शेखर चौधरी, श्याम प्रकाश, दिनेश कुमार राम, मो. इलताफ अंसारी, श्याम जी समेत अन्य सदस्य उपस्थित रहे। सदस्यों ने बच्चों को बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराने के साथ ही महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में किए जाने वाले प्रयासों पर अपने-अपने विचार रखे।

बैठक में इस बात पर जोर दिया गया कि समाज के विकास के लिए बच्चों की शिक्षा और महिलाओं का आत्मनिर्भर होना बेहद जरूरी है। बाल शिक्षा के क्षेत्र में जरूरतमंद बच्चों तक शिक्षा की पहुंच सुनिश्चित करने तथा महिलाओं को विभिन्न स्वरोजगार गतिविधियों से जोड़ने को लेकर संभावित योजनाओं पर चर्चा हुई।

सदस्यों ने कहा कि महिलाओं को प्रशिक्षण और रोजगार के अवसर उपलब्ध कराकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाया जा सकता है। वहीं बच्चों की शिक्षा को मजबूत करने के लिए सामूहिक स्तर पर प्रयास किए जाने की आवश्यकता है।

बैठक के दौरान आगामी कार्यक्रमों एवं गतिविधियों को लेकर भी चर्चा हुई। सदस्यों ने शिक्षा और स्वरोजगार के क्षेत्र में योजनाबद्ध तरीके से कार्य करने पर सहमति जताई। बैठक में मौजूद सदस्यों ने सामाजिक विकास से जुड़े इन दोनों महत्वपूर्ण विषयों पर लगातार काम करने की प्रतिबद्धता व्यक्त की।

हमारा लक्ष्य केवल दान या राहत देना नहीं है, बल्कि एक ऐसा टिकाऊ ढांचा तैयार करना है जो समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति को विकास की मुख्यधारा से जोड़ सके:शशि शेखर चौधरी(सचिव)

खेवनहार फाउंडेशन: एक संक्षिप्त परिचय

खेवनहार फाउंडेशन (पंजीकरण संख्या: 85/2026, बिहार) एक पंजीकृत गैर-लाभकारी सार्वजनिक धर्मार्थ न्यास (Public Charitable Trust) है, जो "सर्वजन हितचिंतक" के मूलमंत्र पर दृढ़ता से कार्य करता है। संस्था का मुख्य विजन समाज के अति-पिछड़े, महादलित और हाशिए पर खड़े EWS वर्गों का बिना किसी जाति, धर्म या लिंग भेद के शैक्षिक, आर्थिक और सामाजिक सशक्तीकरण करना है।

प्रमुख कार्यक्षेत्र (Core Pillars of Impact):

शिक्षा एवं बौद्धिक विकास:'खेवनहार बाल शिक्षा केंद्र' और 'डिजिटल स्मार्ट लाइब्रेरी' के माध्यम से ग्रामीण बच्चों को निःशुल्क बुनियादी शिक्षा तथा युवाओं को प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए मेंटरशिप प्रदान करना।

स्वरोजगार एवं महिला सशक्तीकरण: बेरोजगार युवाओं, असहाय महिलाओं और विधवाओं को कौशल प्रशिक्षण (Skill Development) देना और प्रशिक्षण के उपरांत निःशुल्क टूल-किट उपलब्ध कराकर उन्हें आत्मनिर्भर (Self-reliant) बनाना।

कृषि एवं किसान कल्याण: आधुनिक कृषि तकनीक, जैविक खेती, पशुपालन और सरकारी अनुदान योजनाओं के प्रति किसानों को जागरूक एवं प्रशिक्षित करना।

मानवाधिकार एवं निःशुल्क विधिक सहायता: शोषितों, उत्पीड़ित महिलाओं और भूमिहीन मजदूरों के अधिकारों की रक्षा हेतु निःशुल्क विधिक सहायता (Free Legal Aid) और जागरूकता अभियान चलाना। 
सेवा :सेवानिवृत/बुजुर्गों के लिए सेवाश्रम, राहगिरो/यात्रियों के लिए रैनबसेरा व पनशाला । 

संस्थागत प्रतिबद्धता (Institutional Commitment):
खेवनहार फाउंडेशन पूर्ण विधिक पारदर्शिता, शून्य-सहिष्णुता (Zero-Tolerance) नीतियों (जैसे POCSO/POSH) और 12A, 80G व CSR-1 के वैधानिक अनुपालनों के साथ संचालित होता है। 

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Shyamji Aryan Myself Shyam Babu, a journalist with over a decade of experience in the field of journalism. I started my journalism career in 2015 and have since worked with various newspapers and media platforms. Over the years, I have gained extensive experience in ground reporting, news writing, interviewing, field reporting and covering local, social, civic and public-interest issues. My approach to journalism is based on accuracy, fairness and responsible reporting. I believe that journalism is not only about reporting news but also about bringing people's issues to the forefront and giving a voice to the community. With years of field experience, I continue to work with dedication to provide credible, factual and meaningful news to readers and viewers.